झारखंड राज्य सजा पुनरीक्षण पर्षद की बैठक 2026: 15 मामलों की समीक्षा, छह बंदियों की रिहाई पर सहमति

Posted on: 19 March 2026 | Category: Miscellaneous

19 मार्च 2026 को मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की अध्यक्षता में झारखंड राज्य सजा पुनरीक्षण पर्षद की बैठक हुई। इसमें आजीवन कारावास की सजा काट रहे 15 बंदियों के मामलों की समीक्षा की गई। संबंधित न्यायालयों, पुलिस अधीक्षकों, कारा अधीक्षकों और परिवीक्षा अधिकारियों की रिपोर्ट पर विचार करने के बाद छह बंदियों की समयपूर्व रिहाई पर सहमति बनी।

झारखंड राज्य सजा पुनरीक्षण पर्षद की बैठक: 19 मार्च 2026

19 मार्च 2026 को मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की अध्यक्षता में राज्य सजा पुनरीक्षण पर्षद की बैठक आयोजित हुई।

इस बैठक में आजीवन कारावास की सजा काट रहे 15 बंदियों के मामलों की समीक्षा की गई।

समीक्षा के बाद छह बंदियों की समयपूर्व रिहाई पर सहमति बनी।

प्रमुख तथ्य

  • बैठक की तिथि: 19 मार्च 2026
  • अध्यक्षता: मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन
  • समीक्षित मामले: 15
  • रिहाई पर सहमति: 6
  • संबंधित विषय: कारागार प्रशासन एवं समयपूर्व रिहाई
महत्वपूर्ण तिथि: 19 मार्च 2026 — 15 मामलों की समीक्षा के बाद छह बंदियों की रिहाई पर सहमति।

किन रिपोर्टों पर विचार किया गया?

  • संबंधित न्यायालयों की रिपोर्ट।
  • जिला पुलिस अधीक्षकों का मंतव्य।
  • कारा अधीक्षकों की रिपोर्ट।
  • परिवीक्षा अधिकारियों की रिपोर्ट।

समयपूर्व रिहाई क्या है?

समयपूर्व रिहाई का अर्थ यह है कि लागू कानून और नीति के अनुसार पात्र बंदियों की शेष सजा के परिहार या रियायत पर विचार किया जाए।

महत्वपूर्ण: 19 मार्च 2026 को छह बंदियों की रिहाई पर सहमति बनी थी। यह आवश्यक नहीं कि वे सभी उसी दिन कारागार से रिहा हुए हों।

2 मार्च और 19 मार्च की घटनाओं में अंतर

तिथि रिहाई पर सहमति
2 मार्च 2026 23 बंदी
19 मार्च 2026 6 बंदी

संबंधित संवैधानिक प्रावधान

  • अनुच्छेद 72 — राष्ट्रपति की क्षमादान शक्ति।
  • अनुच्छेद 161 — राज्यपाल की क्षमादान शक्ति।
कानूनी स्पष्टीकरण: पर्षद की अनुशंसा और राज्यपाल की संवैधानिक क्षमादान शक्ति अलग कानूनी व्यवस्थाएँ हैं।

JSSC/JPSC परीक्षा उपयोगिता

  • बैठक — 19 मार्च 2026
  • समीक्षित मामले — 15
  • रिहाई पर सहमति — 6
  • राज्यपाल की क्षमादान शक्ति — अनुच्छेद 161

महत्वपूर्ण MCQs

1. 19 मार्च 2026 को राज्य सजा पुनरीक्षण पर्षद ने कितने बंदियों के मामलों की समीक्षा की?

(A) 10
(B) 15
(C) 20
(D) 25

उत्तर एवं व्याख्या देखें

सही उत्तर: (B) 15

बैठक में आजीवन कारावास की सजा काट रहे 15 बंदियों के मामलों की समीक्षा हुई।


2. कितने बंदियों की समयपूर्व रिहाई पर सहमति बनी?

(A) 4
(B) 6
(C) 9
(D) 15

उत्तर एवं व्याख्या देखें

सही उत्तर: (B) 6

संबंधित रिपोर्टों की समीक्षा के बाद छह बंदियों की रिहाई पर सहमति बनी।


3. राज्यपाल की क्षमादान शक्ति संविधान के किस अनुच्छेद से संबंधित है?

(A) 72
(B) 161
(C) 226
(D) 324

उत्तर एवं व्याख्या देखें

सही उत्तर: (B) अनुच्छेद 161

अनुच्छेद 161 राज्यपाल की क्षमादान शक्ति से संबंधित है।

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