रांची में पहली बार सखुआ महोत्सव-2026 का आयोजन, पांच वर्षों में एक लाख सखुआ पौधे लगाने का लक्ष्य

Posted on: 28 July 2026 | Category: Environment & Forest

रांची नगर निगम द्वारा पहली बार 'सखुआ महोत्सव-2026' का आयोजन किया जाएगा। इस अभियान के तहत अगले पाँच वर्षों में एक लाख से अधिक सखुआ (साल) के पौधे लगाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इसका उद्देश्य पर्यावरण संरक्षण, जैव विविधता को बढ़ावा देना तथा झारखंड की प्राकृतिक एवं सांस्कृतिक विरासत का संरक्षण करना है।

रांची में पहली बार सखुआ महोत्सव-2026 का आयोजन

झारखंड की प्राकृतिक विरासत एवं पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से रांची नगर निगम द्वारा पहली बार सखुआ महोत्सव-2026 आयोजित किया जाएगा। इस अभियान के अंतर्गत अगले पाँच वर्षों में एक लाख से अधिक सखुआ (साल) के पौधे लगाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। अभियान की शुरुआत अगस्त 2026 में रांची के ऐतिहासिक इस्कॉन महादेव मंदिर, चुटिया परिसर से की जाएगी।

📌 मुख्य बिंदु

  • रांची में पहली बार सखुआ महोत्सव-2026 आयोजित होगा।
  • पाँच वर्षों में एक लाख से अधिक सखुआ पौधे लगाने का लक्ष्य।
  • अभियान का नेतृत्व रांची नगर निगम करेगा।
  • पौधारोपण के साथ-साथ पौधों के संरक्षण एवं निगरानी पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा।
  • सरकारी संस्थानों, विद्यालयों, महाविद्यालयों, सामाजिक संगठनों एवं आम नागरिकों की भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी।

सखुआ (साल) वृक्ष क्या है?

सखुआ, जिसे साल भी कहा जाता है, झारखंड के प्रमुख वन वृक्षों में से एक है। इसका वैज्ञानिक नाम Shorea robusta है तथा यह Dipterocarpaceae कुल का सदस्य है। यह वृक्ष अपनी मजबूत लकड़ी, लंबी आयु तथा पर्यावरणीय महत्व के लिए प्रसिद्ध है।

सखुआ वृक्ष का महत्व

  • झारखंड के प्राकृतिक वनों का प्रमुख वृक्ष।
  • मिट्टी एवं जल संरक्षण में सहायक।
  • जैव विविधता को संरक्षण प्रदान करता है।
  • आदिवासी संस्कृति एवं धार्मिक परंपराओं में विशेष महत्व।
  • लकड़ी, पत्ते एवं राल (Resin) आर्थिक दृष्टि से उपयोगी।

सखुआ महोत्सव-2026 के उद्देश्य

  • पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देना।
  • हरित आवरण (Green Cover) में वृद्धि करना।
  • जलवायु परिवर्तन के प्रभावों को कम करने में योगदान देना।
  • जनभागीदारी के माध्यम से वृक्षारोपण संस्कृति को प्रोत्साहित करना।
  • झारखंड की पारिस्थितिक एवं सांस्कृतिक विरासत का संरक्षण।

झारखंड के लिए महत्व

झारखंड प्राकृतिक संसाधनों एवं वनों से समृद्ध राज्य है। सखुआ महोत्सव केवल पौधारोपण अभियान नहीं है, बल्कि यह राज्य की पारिस्थितिक सुरक्षा, जैव विविधता संरक्षण तथा भविष्य की पीढ़ियों के लिए हरित वातावरण सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।

🎓 परीक्षा की दृष्टि से महत्वपूर्ण तथ्य

  • सखुआ (Sal) का वैज्ञानिक नाम Shorea robusta है।
  • यह Dipterocarpaceae कुल का वृक्ष है।
  • सखुआ महोत्सव-2026 का आयोजन पहली बार रांची में किया जा रहा है।
  • अभियान का लक्ष्य पाँच वर्षों में एक लाख से अधिक पौधे लगाना है।
  • अभियान का मुख्य उद्देश्य पर्यावरण संरक्षण एवं जनभागीदारी है।

⚡ त्वरित पुनरावृत्ति

  • महोत्सव — सखुआ महोत्सव-2026
  • स्थान — रांची
  • मुख्य वृक्ष — सखुआ (Sal)
  • वैज्ञानिक नाम — Shorea robusta
  • लक्ष्य — पाँच वर्षों में 1 लाख+ पौधे
  • आयोजक — रांची नगर निगम

📝 संभावित परीक्षा प्रश्न (MCQs)

1. सखुआ वृक्ष का वैज्ञानिक नाम क्या है?
  • A. Tectona grandis
  • B. Shorea robusta
  • C. Azadirachta indica
  • D. Dalbergia sissoo
उत्तर एवं व्याख्या देखें

सही उत्तर: B. Shorea robusta

व्याख्या: सखुआ (Sal) का वैज्ञानिक नाम Shorea robusta है।

2. सखुआ महोत्सव-2026 का आयोजन पहली बार कहाँ किया जा रहा है?
  • A. जमशेदपुर
  • B. धनबाद
  • C. बोकारो
  • D. रांची
उत्तर एवं व्याख्या देखें

सही उत्तर: D. रांची

3. सखुआ महोत्सव-2026 का मुख्य उद्देश्य क्या है?
  • A. पर्यटन को बढ़ावा देना
  • B. औद्योगिक विकास
  • C. पर्यावरण संरक्षण एवं वृक्षारोपण
  • D. खेल प्रतियोगिता
उत्तर एवं व्याख्या देखें

सही उत्तर: C. पर्यावरण संरक्षण एवं वृक्षारोपण

4. सखुआ महोत्सव-2026 के अंतर्गत कितने वर्षों में एक लाख से अधिक पौधे लगाने का लक्ष्य रखा गया है?
  • A. 2 वर्ष
  • B. 3 वर्ष
  • C. 5 वर्ष
  • D. 10 वर्ष
उत्तर एवं व्याख्या देखें

सही उत्तर: C. 5 वर्ष

5. सखुआ वृक्ष किस कुल (Family) से संबंधित है?
  • A. Fabaceae
  • B. Dipterocarpaceae
  • C. Poaceae
  • D. Rutaceae
उत्तर एवं व्याख्या देखें

सही उत्तर: B. Dipterocarpaceae

6. सखुआ महोत्सव-2026 का आयोजन किस संस्था द्वारा किया जा रहा है?
  • A. वन विभाग
  • B. रांची नगर निगम
  • C. झारखंड प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड
  • D. JSLPS
उत्तर एवं व्याख्या देखें

सही उत्तर: B. रांची नगर निगम

📚 परीक्षा में क्यों महत्वपूर्ण?

  • JPSC एवं JSSC में पर्यावरण, वानिकी एवं जैव विविधता से संबंधित प्रश्न नियमित रूप से पूछे जाते हैं।
  • सखुआ (Sal) झारखंड के वनों का प्रमुख वृक्ष है, इसलिए यह स्थैतिक जीके एवं समसामयिकी दोनों दृष्टियों से महत्वपूर्ण है।
  • यह अभियान पर्यावरण संरक्षण, जलवायु परिवर्तन, जनभागीदारी तथा सतत विकास जैसे विषयों से भी जुड़ा है।
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